Coronavirus Omicron Subvariant BF.7 Symptoms Causes Prevention and Treatment All You Need to Know | कैसे पता चलेगा- आप BF.7 संक्रमित हैं, क्या यह ज्यादा जानलेवा है? जानें सबकुछ

BF.7 तेजी से फैलने वाले ओमिक्रॉन का एक सब-वेरिएंट है. यह चीन में प्रवेश करने से पहले पहली बार अमेरिका और यूरोप में पाया गया था, जहां यह नए संक्रमणों में तेजी से वृद्धि कर रहा है.

कैसे पता चलेगा- आप BF.7 संक्रमित हैं, क्या यह ज्यादा जानलेवा है? जानें सबकुछ

चीन में अभी कोरोना का कहर बढ़ता जा रहा है.

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Coronavirus: चीन में तेजी से संक्रमण फैला रहे BF.7 नामक कोविड-19 के नए म्यूटेशन ने केंद्र सरकार को लोगों को मास्क लगाने और टीका लगवाने की सलाह देने के लिए प्रेरित किया है.कोविड-19 के ओमिक्रॉन स्ट्रेन के इस सब-वैरिएंट के देश में अब तक BF.7 के चार मामले सामने आए हैं. इनमें से तीन गुजरात से हैं और एक ओडिशा से. दो संक्रमित व्यक्ति अमेरिका की यात्रा करके लौटे थे. ये महिलाएं हैं. हालांकि, चारों अब स्वस्थ हो चुके हैं.

भले ही भारत में आने वाले रोजाना केसों की संख्या नियंत्रण है, केंद्र ने बुधवार को संक्रमित मरीजों को निगरानी में रखने और उभरते वैरिएंट की पहचान करने के उपायों पर चर्चा की.अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर आने वाले यात्रियों के नमूने फिर से लिए जा रहे हैं. केंद्र ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को कहा है कि वे सभी कोविड केसों के नमूनों को जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए भारतीय SARS-CoV-2 जीनोमिक्स कंसोर्टियम प्रयोगशालाओं में भेजें.

बीएफ.7 क्या है?

सभी वायरसों की तरह SARS-CoV-2, जिसके कारण 2020 में कोविड महामारी फैला, अल्फा, डेल्टा, ओमिक्रॉन और अन्य जैसे कई म्यूटेशन से गुजरा. ये वैरिएंट मानव प्रतिरक्षा (इम्यून सिस्टम) और टीके से बचने के लिए शाखाओं में बंट गए और अधिक सब-वैरिएंट के रूप में विकसित हुए.

BF.7 (BA.5.2.1.7) का पहला मामला भारत में पहली बार जुलाई में पाया गया था. यह अत्यधिक तेजी से फैलने वाले ओमिक्रॉन का एक सब-वेरिएंट है. यह चीन में प्रवेश करने से पहले पहली बार अमेरिका और यूरोप में पाया गया था, जहां यह नए संक्रमणों में तेजी से वृद्धि कर रहा है.

मुझे कैसे पता चलेगा कि मुझे BF.7 संक्रमण है?

BF.7 संक्रमण वाले मरीजों में ओमिक्रॉन वैरिएंट से संक्रमित लोगों के समान लक्षण दिखाई देते हैं. इसके लक्षणों में ऊपरी श्वसन संक्रमण, गले में खराश, थकान, नाक बहना, खांसी और बुखार शामिल हैं. कुछ रोगियों में लूज मोशन और पेट दर्द की शिकायत हो सकती है. नए सब-वेरिएंट के कारण ज्यादा लोगों को अस्पताल में भर्ती नहीं होना पड़ा है. हालांकि, ऐसे कुछ मामले हैं जिनमें मरीज को निमोनिया हुआ है. अधिकांश विशेषज्ञ इस बात से सहमत हैं कि चौथा बूस्टर डोज कुछ हद तक सुरक्षा प्रदान कर सकता है.

क्या BF.7 सब-वेरिएंट ज्यादा घातक है?

BF.7 वैरिएंट ओमिक्रॉन का एक वेरिएंट है, जिसमें ओमिक्रॉन की तुलना में अधिक न्यूट्रलाइजेशन रेजिस्टेंस है, जिसका अर्थ है कि टीके या यहां तक कि बाईवेलेंट बूस्टर डोज संक्रमण या पुन:संक्रमण को रोकने में सक्षम नहीं हो सकते. नए वेरिएंट की इनक्यूबेशन पीरियड कम है, यह बताता है कि संक्रमण का पता लगाने के लिए आरटी-पीसीआर टेस्ट प्रभावी नहीं होंगे.

हाई ट्रांसमिशन रेट के साथ, यह मौजूदा एक्सबीबी स्ट्रेन को प्रतिस्थापित करेगा, जो भारत में नए मरीजों में पाया जाने वाला सबसे प्रमुख स्ट्रेन है. अगर इसके प्रसार को रोकने के लिए कदम नहीं उठाए गए तो यह फैल सकता है.

गंभीर अनुमान

एक अनुमान के अनुसार, BF.7 वेरिएंट से संक्रमित एक व्यक्ति अपने आसपास के 10-18.6 लोगों को संक्रमित कर सकता है. हालांकि, ओमिक्रॉन सब-वेरिएंट की मृत्यु दर अधिक नहीं है, लेकिन विभिन्न वैज्ञानिक मॉडल बताते हैं कि चीन की 60 फीसदी आबादी तीन महीने के भीतर संक्रमित हो जाएगी और हजारों लोगों के मरने की आशंका है.

इसकी मुख्य वजह यह है कि चीनी नागरिकों को दी गई वैक्सीन कोविड-19 के शुरुआती वेरिएंट वाले एक मृत वायरस से विकसित किया गया था, जबकि एमआरएनए टीके म्यूटेशन के खिलाफ अधिक प्रभावी माने जाते हैं.

इसके बाद से इस वायरस में विभिन्न परिवर्तन हुए हैं और उपलब्ध टीके संक्रमण को रोकने के लिए प्रभावी नहीं हैं, हालांकि वे मृत्यु दर को कम कर सकते हैं.

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